तमिलनाडु में सी. विजय जोसेफ की सरकार ने विधानसभा में बहुमत साबित कर लिया है। इस बीच सोशल मीडिया पर विजय सरकार को लेकर एक दावा किया जा रहा है कि सरकार ने राज्य की ‘हिंदू धार्मिक एवं धर्मार्थ बंदोबस्त विभाग’ का मंत्री एक मुस्लिम शख्स मुस्तफा को बनाया है।
मनोज कुमार श्रीवास्तव नामक यूजर ने एक पोस्ट में दावा किया, ‘*जोसेफ विजय ने* *हिंदू धार्मिक एवं धर्मार्थ बंदोबस्ती मंत्रालय* *HRCE के रूप में* *एक मुस्लिम मंत्री को नियुक्त किया है* *मतलब लालची हिंदूओ की कृपा से* *हिंदू मंदिरों के पूर्ण विनाश का* *दूसरा चरण शुरू हो गया है* *TVK-DMK* *एक ही सिक्के के दो पहलू है*’

Arun Pudur नामक यूजर ने अंग्रेजी भाषा में कैप्शन लिखा, जिसका हिन्दी अनुवाद है, ‘जोसेफ़ विजय ने हिंदू धार्मिक और धर्मार्थ बंदोबस्ती (HRCE) मंत्री के रूप में एक मुस्लिम को नियुक्त किया है। हिंदू मंदिरों का पूर्ण विनाश और उन पर कब्ज़ा करने का सिलसिला (2.0) शुरू हो चुका है। जैसा कि अनुमान लगाया गया था, TVK असल में DMK 2.0 ही है।’

फैक्ट चेकः
DFRAC की टीम ने जांच में पाया कि तमिलनाडु सरकार में मुस्तफा नामक किसी मंत्री ने शपथ नहीं लिया है और ना ही किसी मुस्लिम शख्स को ‘हिंदू धार्मिक एवं धर्मार्थ बंदोबस्त विभाग’ का मंत्री बनाया गया है। जांच के दौरान हमने तमिलनाडु लोकभवन की ऑफिशियल वेबसाइट lokbhavan.tn.gov.in के प्रेस रिलीज सेक्शन को देखा। हमें 10 मई 2026 की एक प्रेस रिलीज मिली, जिसमें सीएम सी. विजय जोसेफ के अलावा 9 मंत्रियों की लिस्ट है, जिनका शपथ ग्रहण होना था। इस लिस्ट में देखा जा सकता है कि मुस्तफा नामक कोई भी मंत्री नहीं है।
आगे की जांच में हमें जनसत्ता और एनडीटीवी इंडिया सहित कई अन्य मीडिया रिपोर्ट्स भी मिलीं, जिसमें सी. विजय जोसेफ के साथ शपथ लेने वाले 9 मंत्रियों की जानकारी दी गई है। इन मंत्रियों में 1- थिरू एन.आनंद, 2-आधव अर्जुन, 3- केजी अरुण राज, 4- केए. सेंगोट्टैयन, 5- पी. वेंकेटरामनन, 6- आर. निर्मल कुमार, 7- राजमोहन, 8- डॉ. टीके प्रभु और 9- एस. कीर्तना शामिल हैं।

आगे की जांच में हमें तमिलनाडु सरकार के आधिकारिक फैक्ट चेक यूनिट TN Fact Check पर दो पोस्ट मिले, जिसमें वायरल दावे का खंडन करते हुए बताया गया है कि तमिलनाडु में ‘हिंदू धार्मिक एवं धर्मार्थ बंदोबस्त विभाग’ का अभी किसी को मंत्री नहीं बनाया गया है। इस पोस्ट में बताया गया है, ‘यह एक फ़र्ज़ी ख़बर है। तमिलनाडु सरकार ने ‘हिंदू धार्मिक और धर्मार्थ बंदोबस्ती विभाग’ (HR & CE) के लिए किसी मंत्री की नियुक्ति नहीं की है। लेकिन, सोशल मीडिया पर किया जा रहा यह दावा कि इस विभाग के मंत्री के तौर पर किसी धार्मिक अल्पसंख्यक समुदाय के व्यक्ति को नियुक्त किया गया है, पूरी तरह से झूठा है।’
निष्कर्षः
DFRAC के फैक्ट चेक से साफ है कि ‘हिंदू धार्मिक और धर्मार्थ बंदोबस्ती विभाग’ (HR & CE) का मंत्री मुस्तफा नामक मुस्लिम शख्स को नहीं बनाया गया है। सोशल मीडिया पर वायरल दावा फेक है।

