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फैक्ट चेकः किसानों की कर्जमाफी पर फैलाए गए ‘झूठ’ की ‘सच्चाई’

सोशल मीडिया सूचनाओं का मकड़जाल है। यहां सूचनाएं सही हैं तो गलत और भ्रामक भी हैं। सही सूचना के बारे में सोशल मीडिया के जरिए अंदाजा लगा पाना मुश्किल होता है। कई लोग तो ऐसे हैं जिनका काम ही भ्रामक और तथ्यहीन खबरें प्रसारित करना होता है। उनके ट्वीटर हैंडल से लगातार ऐसी खबरें फैलाई जाती हैं जिनका सच्चाई से कोई वास्ता नहीं होता है। ये अकाउंट फेक न्यूज की फैक्ट्री हैं। ऐसे सोशल मीडिया अकाउंट की न तो सही पहचान होती है और वास्तविक नाम होता है।

पोलिटिकल कीड़ा (@PoliticalKida) नामक यूजर इसका ताजा उदाहरण है। इस अकाउंट के कुल 1 लाख 20 हजार फॉलोवर हैं। फॉलो करने वालों में बीजेपी के प्रवक्ता संबित पात्रा, राहुल रोशन और नुपुर शर्मा सहित कई वेरीफाइड यूजर भी हैं। पोलिटिकल कीड़ा लगातार ऐसे वीडियो अपलोड करता है जो विपक्षी नेताओं, पत्रकारों और छात्र नेताओं को टारगेट करके बनाए जाते हैं। आम तौर पर इसके वीडियो एडिटेड होते हैं।

30 जुलाई, 2021 को इस अकाउंट ने कांग्रेस को लेकर एक वीडियो पोस्ट किया। जिसमें दावा किया गया कि कांग्रेस ने किसानों के विरोध का समर्थन किया और राजस्थान में ऋण माफ करने का वादा भी किया, लेकिन वह ऋण माफ करने में विफल रहे। इस वीडियो के 10 हजार से ज्यादा व्यूज हैं जबकि 1 हजार से ज्यादा लाइक हैं।

फैक्ट चेकः

जब इस तथ्य की जांच की तो इसे भ्रामक पाया गया। कई मीडिया रिपोर्टों के अनुसार राजस्थान में कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आने के बाद से किसानों का 14,000 करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज माफ कर दिया है। इन मीडिया रिपोर्टों से साफ होता है कि पोलिटिकल कीड़ा का दावा झूठा है।

इन मीडिया रिपोर्टों से साफ होता है कि पोलिटिकल कीड़ा का दावा झूठा है।