सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में देखा जा सकता है कि एक एक शख्स टेबल पर सो रहे युवक को चप्पल से मारता है। यूजर्स इस वीडियो को दिल्ली के सरकारी ऑफिस में सनातनी (हिन्दू) मैनेजर द्वारा रोजा रखने वाली मुस्लिम महिला कर्मचारी को चप्पल मारे जाने के दावे के साथ शेयर कर रहे हैं।
एक्स (पूर्व ट्विटर) पर §umaiya khan नामक यूजर ने इस वीडियो को शेयर करते हुए लिखा, ‘दिल्ली के एक दफ़्तर में एक परेशान करने वाली घटना सामने आई है: रोज़ा रख रही एक मुस्लिम महिला, जो काम के कारण काफ़ी थक गई थी, उसे एक सनातनी मैनेजर ने चप्पल से मारा और उसके सहकर्मियों के सामने उसे ज़लील किया।‘ (हिन्दी अनुवाद)

इस वीडियो को कई अन्य यूजर्स द्वारा ऐसे ही दावे के साथ शेयर किया जा रहा है, जिसे यहां, यहां, यहां, यहां और यहां देखा जा सकता है।
फैक्ट चेकः
DFRAC की टीम ने जांच में पाया कि वायरल दावा भ्रामक है। ना तो यह घटना दिल्ली के किसी सरकारी ऑफिस में हुई है, ना ही पीड़ित कोई मुस्लिम महिला है और ना ही यह घटना रमजान के महीने में हुई है। जांच के दौरान हमें यह वीडियो Veerat Choudhary नामक फेसबुक अकाउंट पर 13 फरवरी को पोस्ट मिला, जिसके कैप्शन में लिखा है, ‘नींद ले रहा था’। यहां बता दें कि भारत में रमज़ान महीने की शुरूआत 19 फरवरी से हुई थी, यानि यह वीडियो रमजान से पहले का है।

वहीं, वीडियो को गौर से देखने पर हमने पाया कि पीड़ित युवक के हाथ में कलावा बंधा हुआ है, जो आमतौर पर हिन्दू समुदाय के लोग हाथों में बांधते हैं। आगे की जांच में जब हमने Veerat Choudhary के फेसबुक पेज को देखा, तो पाया कि वह विराट चिल्ड्रेन अकेडमी नामक एक संस्था चलाते हैं, जो राजस्थान के कुचामन सिटी में स्थित है।
हमारी टीम ने और ज्यादा जानकारी के लिए विराट चिल्ड्रेन अकेडमी के नंबर पर फोन किया। विराट की टीम ने हमें बताया कि यह दिल्ली के किसी सरकारी दफ्तर का वीडियो नहीं है और युवक हिन्दू समुदाय का ही है। विराट की टीम ने इससे ज्यादा जानकारी देने से इनकार कर दिया और विराट चौधरी से बात करवाए जाने की बात कही।
निष्कर्षः
DFRAC के फैक्ट चेक से साफ है कि वायरल वीडियो दिल्ली के किसी सरकारी ऑफिस का नहीं है। वहीं, हिन्दू मैनेजर द्वारा मुस्लिम महिला रोजेदार को चप्पल मारने का दावा भी गलत है।

