मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सिया उर्फ अशरफी नाम की युवती की हत्या उसके ही शादीशुदा प्रेमी समीर द्वारा की गई थी। समीर ने हत्या के बाद सिया की लाश को ठिकाने लगाने के लिए सेप्टिक टैंक में डाल दिया था। इस बीच सोशल मीडिया पर सिया की लाश सेप्टिक टैंक से बरामद होने का वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि हिन्दू लड़की की हत्या उसके ही मुस्लिम प्रेमी समीर ने कर दी।
इस वीडियो को शेयर करते हुए एक यूजर ने लिखा, ‘भोपाल में एक और हिन्दू लड़की सूटकेस में बंद मिलीं ये भी कहती थी मेरा समीर ऐसा नहीं है पूरा परिवार मिल कर मौत के घाट उतार दिया अरे मूर्खों अब्दुल सब एक जैसे है कोई अलग नहीं है।’

इसके अलावा इस वीडियो को सिया हत्या केस का बताकर कई यूजर्स शेयर कर रहे हैं, जिसे यहां, यहां और यहां देखा जा सकता है।
फैक्ट चेकः
DFRAC की टीम ने वायरल वीडियो की जांच के लिए गूगल पर कुछ कीवर्ड्स सर्च किया। हमें दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट मिली, जिसमें सिया मर्डर केस के बारे में विस्तृत रिपोर्ट प्रकाशित की गई है। इस रिपोर्ट में सिया के पिता के तौर पर सरफराज का नाम लिखा गया है। दैनिक भास्कर की रिपोर्ट में उल्लिखित है, ‘भोपाल में सेप्टिक टैंक में मिली महिला की लाश की शिनाख्त पुलिस ने कर ली है। महिला का नाम अशरफी उर्फ सिया उर्फ मिस्बाह पिता सरफराज (22) है। वह महाराष्ट्र के गोंदिया जिले की रहने वाली थी। अशरफी का कत्ल उसके शादीशुदा प्रेमी समीर (22) ने किया था। शव को ठिकाने लगाने में उसकी मां शहनाज (53), सौतेले भाई बहन- साहिल (20) और सायमा (19) ने मदद की थी।‘

इस घटना के बारे में और ज्यादा जानकारी के लिए हमारी टीम ने निशातपुरा पुलिस थाने से संपर्क किया। पुलिस ने हमें बताया कि मृतका सिया उर्फ अशरफी मुस्लिम थी और उसके पिता का नाम सरफराज है।
निष्कर्षः
DFRAC के फैक्ट चेक से साफ है कि सोशल मीडिया पर भोपाल में सिया अशरफी उर्फ मिस्बाह की हत्या मामले को सांप्रदायिक रंग देकर शेयर किया गया है। निशातपुरा पुलिस ने कन्फर्म किया है कि मृतका मुस्लिम थी। इसलिए यूजर्स का दावा भ्रामक है।

